HALCHAL INDIA NEWS
हापुड़ में बदलते मौसम के साथ वायरल बुखार के मामले तेजी से सामने आ रहे हैं। मरीजों को इस बार ठीक होने में अपेक्षा से अधिक समय लग रहा है और बुखार कई दिनों तक बना रह रहा है। इसके साथ ही गले में दर्द, कान की समस्या और सूखी खांसी की शिकायत लेकर अस्पताल पहुंचने वालों की संख्या भी बढ़ गई है।
स्वास्थ्य केंद्रों की ओपीडी में रोजाना सैकड़ों मरीज पहुंच रहे हैं। डॉक्टरों का कहना है कि जहां पहले वायरल बुखार कुछ ही दिनों में उतर जाता था, अब मरीजों को करीब एक सप्ताह तक परेशानी झेलनी पड़ रही है। कई लोग बिना सलाह के शुरुआत में ही एंटीबायोटिक दवाएं लेने लगते हैं, जो नुकसानदेह हो सकती हैं।
विशेषज्ञों के अनुसार, बुखार होने पर समय पर दवा लेना, पर्याप्त आराम करना और खानपान में सावधानी बरतना जरूरी है। ठंडी और खुले में मिलने वाली चीजों से परहेज करना चाहिए। साथ ही पानी ज्यादा पीना और तेज धूप में बाहर निकलने से बचना बेहतर है।
डॉक्टरों का यह भी कहना है कि कई मामलों में दवा लेने के बाद कुछ समय के लिए बुखार कम हो जाता है, लेकिन फिर वापस आ सकता है, जो वायरल संक्रमण में सामान्य है। यदि कई दिनों तक बुखार बना रहे तो जांच कराना जरूरी है।
लक्षणों में शामिल हैं:
- गले व शरीर में दर्द
- खांसी और ठंड लगना
- सिरदर्द या त्वचा पर दाने
- आंखों में जलन
- कमजोरी और तेज बुखार
स्वास्थ्य विभाग ने लोगों से सावधानी बरतने और लक्षण दिखने पर डॉक्टर से परामर्श लेने की सलाह दी है।
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